बायोकोल · पेलेट्स · ब्रिकेट्स
औद्योगिक ऊष्मा,
कार्बन के बोझ के बिना।
A3 Energy खेती और वन के अवशेषों को भट्टी के लिए तैयार ईंधन में बदलती है — जो आपके प्लांट में पहले से चल रहे कोयला-आधारित बॉयलरों में सीधे इस्तेमाल हो सकता है।
क्षेत्र के अनुसार माँग का विश्लेषण
A3 Energy अपने क्षेत्रीय वितरण नेटवर्क में हर महीने की माँग पर नज़र रखती है।
उत्तर भारत
पश्चिम भारत
दक्षिण भारत
पूर्व भारत
तीन ईंधन, एक आपूर्ति शृंखला।
हर उत्पाद का घनत्व और जलने का तरीका अलग होता है, इसलिए सही ईंधन आपकी भट्टी के प्रकार और फ़ीड व्यवस्था पर निर्भर करता है — सही चुनाव में हम आपकी मदद करते हैं।

बायोकोल (नारियल का खोल)
उच्च-घनत्व वाला कार्बनीकृत नारियल का खोल — भट्टियों और भट्ठों में आयातित कोयले का सीधा विकल्प।
विवरण देखें
बायोमास पेलेट्स
बॉयलरों और गैसीफ़ायरों के लिए दबाकर बनाए गए कृषि-अवशेष पेलेट्स — एक समान व्यास, कम राख।
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ब्रिकेट्स
लगातार फ़ीड वाली भट्टियों के लिए बेलनाकार या घनाकार ब्रिकेट्स, जो ज़्यादा देर तक जलते हैं।
विवरण देखेंप्लांट A3 को क्यों चुनते हैं।
रोज़ के इस्तेमाल में ये तीन बातें कीमत से भी ज़्यादा मायने रखती हैं।
एक समान कैलोरी मान
हर बैच को भेजने से पहले GCV, नमी और राख के लिए जाँचा जाता है, ताकि हर खेप में आपके बॉयलर का प्रदर्शन एक जैसा रहे।
औद्योगिक भट्टियों के लिए बना
पहले से कोयले पर चल रहे बॉयलरों, भट्ठों और भट्टियों के हिसाब से आकार और घनत्व — बहुत कम बदलाव की ज़रूरत।
पारदर्शी स्रोत
कृषि अवशेष और वन अपशिष्ट तय आपूर्तिकर्ता क्लस्टरों से लिया जाता है, और पूरे सीज़न कीमत स्थिर रहती है।
